अर्थ
शनि देव की जय हो।
परिचय
शनिवार को बहुत लोग शनि मंदिर जाते हैं, तेल चढ़ाते हैं और यही बोलते हैं। शनि की उपासना में दान को बहुत बड़ा माना गया है, जैसे काले तिल, उड़द, सरसों का तेल, या किसी ज़रूरतमंद को भोजन। कई लोग कहते हैं कि किसी की मदद करना ही शनि देव की सबसे अच्छी पूजा है।
जप कैसे करें
शनिवार को दीया जलाकर। उस दिन कुछ दान कर सकें तो और अच्छा।
कब जपें: शनिवार की शाम।
अभी जप शुरू करें
जप काउंटर इसी मंत्र के साथ खुलेगा और आपकी गिनती रखेगा।
लोग अक्सर पूछते हैं
परंपरा में काले तिल, उड़द की दाल, सरसों का तेल, काले कपड़े और लोहा दान करते हैं। किसी भूखे को खाना खिलाना भी उतना ही माना जाता है।