सभी मंदिर

    प्रसिद्ध मंदिर

    श्री शाहजी मंदिर

    वृंदावन, मथुरा जिला, उत्तर प्रदेश

    बारह मुड़े हुए संगमरमर स्तंभों व बेल्जियम काँच के झूमरों के लिए प्रसिद्ध

    एक नज़र में

    स्थान
    वृंदावन, मथुरा जिला, उत्तर प्रदेश
    आराध्य
    श्री छोटे राधा रमण जी (भगवान कृष्ण)
    श्रेणी
    प्रसिद्ध मंदिर
    परंपरा
    वैष्णव
    निकटतम रेलवे स्टेशन
    मथुरा जंक्शन (लगभग 13 किमी)
    निकटतम हवाई अड्डा
    आगरा हवाई अड्डा (लगभग 74 किमी); इंदिरा गांधी अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा, दिल्ली (लगभग 160 किमी)
    घूमने का सर्वोत्तम समय
    अक्टूबर से मार्च; दिन के उजाले में स्तंभों व झूमरों की नक्काशी स्पष्ट देखी जा सकती है।

    इतिहास

    शाहजी मंदिर का निर्माण 1876 में लखनऊ के एक धनी जौहरी शाह कुंदन लाल ने करवाया था। मंदिर की सबसे विशिष्ट पहचान इसके बारह मुड़े हुए (स्पाइरल) संगमरमर स्तंभ हैं, जिन्हें लखनऊ से मंगवाया गया बताया जाता है, तथा छत पर लगे बेल्जियम के नक्काशीदार काँच के भव्य झूमर हैं।

    धार्मिक महत्व

    यह मंदिर वृंदावन के अन्य प्राचीन मंदिरों से अलग, अपनी 19वीं शताब्दी की विशिष्ट व सजावटी वास्तुकला के लिए जाना जाता है।

    यात्रा की योजना

    दर्शन समय

    प्रातः 6:00 से दोपहर 12:00 और सायं 4:00 से रात्रि 8:00 तक (लगभग)।

    त्योहारों और विशेष अवसरों पर समय बदल जाता है। निकलने से पहले मंदिर के आधिकारिक स्रोत से पुष्टि कर लें।

    बांके बिहारी मंदिर क्षेत्र से शाहजी मंदिर पैदल दूरी पर स्थित है।

    श्री कृष्ण की भक्ति आगे बढ़ाएँ

    इसी देवता से जुड़ी सामग्री, इसी साइट पर।

    सामान्य प्रश्न

    मंदिर के बारह मुड़े हुए संगमरमर स्तंभ व छत पर लगे बेल्जियम के नक्काशीदार काँच के झूमर इसे वृंदावन के अन्य मंदिरों से अलग व विशिष्ट बनाते हैं।